एटा। Murder of drug dealer’s family यूपी के एटा जिले से एक ही परिवार के चार लोगों की हत्या से हड़कंप मचा हुआ है। पुलिस अभी तक हत्यारों तक नहीं पहुंच पाई। वहीं इस विभत्स घटना से मोहल्ले में सन्नाटा पसरा हुआ है। चार लोगों की हत्या में हत्यारे की निर्ममता देखकर लोगों के कलेजा कांप गया। मृतकों में वृद्ध दंपती गंगा सिंह शाक्य (70) व श्यामा देवी (65), पुत्रवधू रत्ना देवी (48) और पौत्री ज्योति (22) शामिल हैं। हत्या के समय यही चारों लोग घर में मौजूद थे। हत्यारे ने घर में घुसने के बाद ईंट से सभी के सिर-चेहरे पर वार कर वारदात को अंजाम दिया।
देवांश के घर लौटने पर पता चला
कोतवाली नगर क्षेत्र में शिकोहाबाद रोड स्थित गांव नगला प्रेमी में हुए इस हत्याकांड का खुलासा तब हुआ जब गंगा सिंह शाक्य का 12 वर्षीय नाती देवांश स्कूल से घर लौटा। उस ने सबसे पहले मृत परिजन को देखा। घर में भूमि तल पर गंगा सिंह और पहली मंजिल पर श्यामा देवी, मां रत्ना देवी और ज्योति को खून से लथपथ देख उसकी चीख निकल गई। मकान के मेन गेट को खोलने के बाद दलान और आंगन को पार कर एक कमरे में गंगा सिंह शाक्य का खून से लथपथ शव चारपाई पर पड़ा था।
चारों ओर जम चुका था खून
मृतकों के सिर और चेहरे बुरी तरह कुचले गए थे। इस वजह से चेहरे पहचानना मुश्किल हो रहा था। पूरे कमरे में खून बह रहा था। एक ओर दीवार से सटी हुई इंटरलॉकिंग की सीमेंटेड ईंट खून से सनी पड़ी थी और इसके चारों ओर खून जम चुका था। लक्ष्मी ने बताया कि पिता कमल सिंह करीब 12.30 बजे मेडिकल स्टोर से खाना खाने के लिए घर गए थे। इसके बाद किसी कार्य से मंडी की ओर चले गए। मेडिकल स्टोर पर उस समय वह बैठी हुई थी। फोन पर सूचना मिलने के बाद पिता यहां पहुंचे।वह भागकर घर के बाहर आया और लोगों को जानकारी दी।
सूचना पाकर अपर पुलिस अधीक्षक श्वेताभ पांडेय भी मौके पर पहुंचे। मौके पर गंगा सिंह, रत्ना देवी और ज्योति मृत हालत में मिले जबकि श्यामा देवी को गंभीर हालत में मेडिकल कॉलेज की इमरजेंसी में भर्ती करवाया गया, जहां उपचार के दौरान उनकी भी मौत हो गई। घटना के बाद एडीजी आगरा अनुपम कुलश्रेष्ठ, डीआईजी अलीगढ़ प्रभाकर चौधरी, एसएसपी श्याम नारायण सिंह भी मौके पर पहुंच गए।
किसी करीबी का हाथ होने की आशंका
वारदात के दौरान घर के किसी भी सामान से कोई छेड़छाड़ नहीं हुई। अपराधी का मकसद किसी तरह की चोरी या लूट करना नहीं था, हत्या करने के इरादे से ही वह आया था। वारदात के समय आसपास रहने वाले लोगों को भी भनक नहीं लगी। ऐसे में आशंका जताई जा रही है कि घटना में किसी करीबी का हाथ हो सकता है। पुलिस जांच में भी जो तथ्य सामने आए हैं उसमें भी इस तरह के सबूत पाए गए हैं। पुलिस के अनुसार वह खुलासे के काफी करीब तक पहुंच गई है।
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