आजमगढ़। AIMIM ने पहले बिहार विधानसभा के चुनाव में विपक्ष के मनसूबों पर पानी फेरा, इसके बाद महाराष्ट्र के निकाय चुनाव में अपनी सीट बढ़ाने के साथ ही विपक्ष का वोट काटने के बाद अब यूपी में होने जा रहे पंचायत चुनाव को दमदारी से लड़ने जा रही है। हालांकि पंचायत चुनाव को एक प्रयोग की तरह लड़ेगी। पार्टी का मकसद तो विधानसभा चुनाव में अपनी दमदार उपस्थिति दर्ज कराने की। इसी क्रम में सोमवार को आजमगढ़ शहर के हर्रा की चुंगी क्षेत्र में पार्टी के जिला कार्यालय का उद्घाटन एआईएमआईएम के प्रदेश अध्यक्ष शौकत अली ने फीता काटकर किया।
इस मौके पर मीडिया से बातचीत करते हुए शौकत अली ने कहा कि बिहार विधानसभा चुनाव में एआईएमआईएम ने पांच सीटों पर जीत दर्ज की, जबकि दो सीटों पर बहुत कम अंतर से हार हुई। इसके बाद महाराष्ट्र के नगर निकाय चुनाव में पार्टी के 125 पार्षद विजयी हुए, वहीं 82 नगर पालिका और नगर पंचायत अध्यक्ष भी एआईएमआईएम के बने। उन्होंने कहा कि बीते दो वर्षों में पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष असदुद्दीन ओवैसी के प्रति जनता का विश्वास तेजी से बढ़ा है। इसी भरोसे के साथ 2027 के उत्तर प्रदेश विधानसभा चुनाव में एआईएमआईएम अपना विधायक बनाने में जरूर कामयाब होगी।
विपक्ष पर साधा निशाना
उत्तर प्रदेश में गठबंधन के सवाल पर प्रदेश अध्यक्ष ने कहा कि बिहार विधानसभा चुनाव में भी AIMIM इंडिया गठबंधन का हिस्सा बनना चाहती थी, लेकिन उसे शामिल नहीं किया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि तथाकथित सेकुलर पार्टियां मुस्लिम लीडरशिप को अछूत समझती हैं। “हमारा वोट तो चाहिए, लेकिन हमारी लीडरशिप स्वीकार नहीं की जाती। हमें तेजपत्ते की तरह इस्तेमाल कर चुनाव के बाद फेंक दिया जाता है,” उन्होंने कहा। शौकत अली ने स्पष्ट किया कि 2027 में भाजपा को हराने के लिए बनने वाले किसी भी मजबूत गठबंधन का एआईएमआईएम हिस्सा बनना चाहेगी, और इसके लिए सपा या बसपा से गठबंधन की कोशिश की जाएगी। यदि गठबंधन नहीं हुआ तो पार्टी अकेले चुनाव लड़ेगी।
लड़ेंगे पंचायत, सपा से जनता नाराज
महाराष्ट्र के निकाय चुनाव को लेकर समाजवादी पार्टी पर निशाना साधते हुए शौकत अली ने कहा कि सपा के 37 सांसद, 111 विधायक और कई बड़े नेता पूरी ताकत झोंकने के बावजूद जनता का भरोसा नहीं जीत सके। उन्होंने दावा किया कि चुनाव में जनता ने सपा नेताओं को करारा जवाब दिया है। साथ ही उन्होंने कहा कि लोकतंत्र में जनता जनार्दन ही सर्वोच्च होती है। प्रदेश अध्यक्ष ने यह भी बताया कि एआईएमआईएम उत्तर प्रदेश के सभी 75 जिलों में संगठित है। करीब 75 प्रतिशत संगठन बूथ स्तर तक तैयार हो चुका है, शेष कमियों को 2027 से पहले पूरा कर लिया जाएगा। उन्होंने कहा कि दलित और वंचित समाज तेजी से ओवैसी के साथ जुड़ रहा है और आने वाले पंचायत चुनाव पार्टी पूरी मजबूती के साथ लड़ेगी। इस अवसर पर जिला अध्यक्ष नदीम आरिफ, जिला संगठन मंत्री सुफियान खान, सदर विधानसभा अध्यक्ष अजमल खान सहित पार्टी के कई पदाधिकारी और कार्यकर्ता मौजूद रहे।
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