उन्नाव। Wife Murder यूपी के उन्नाव जिले में चरित्र संदेह पर एक युवक ने खेत में पत्नी की गर्दन काटकर हत्या करने के बाद पुलिस को फोन करके सूचना दी। इसके बाद मौके पर पहुंची पुलिस ने आरोपी को हिरासत में ले लिया। युवक की एक सनक ने उसके बच्चों को अनाथ बना दिया। वहीं बेटी की मौत की सूचना पर पहुंचे मायके वालों ने आरोपी को सौंपे जाने की मांग करते हुए हंगामा किया, हालांकि पुलिस उन्हें किसी तरह समझाने के बाद शव को पोस्टमार्टम के लिए भेजा। महिला के भाई की तहरीर पर पति के खिलाफ हत्या की प्राथमिकी दर्ज की गई है।
पुलिस से मिली जानकारी के अनुसार उन्नाव के अचलगंज थाना क्षेत्र के गौरी त्रिभानपुर गांव निवासी होरीलाल लोधी खेती के साथ राजमिस्त्री का काम करता है। उसने बताया गुरुवार शाम 5 बजे पत्नी शांति (38) को काम के बहाने घर से डेढ़ किलोमीटर दूर खेत लेकर गया। इस दौरान उसने उसे उन अफवाहों को विराम देने के लिए बात करनी चाही तो उसने गोलमोल जवाब देते हुए कहा,जब किसी के साथ पकड़ना तो आरोप लगाना। पत्नी की बाते सुनकर आग बबूला हुए होरीलाल ने लकड़ी बीन रही पत्नी के गर्दन पर फावड़ा मार दिया, जिससे वह लहूलुहान होकर गिर पड़ी इसके बाद कई वार करके उसकी जान ले ली। खुद ही पुलिस को बुलाया।
मायके वालों ने किया हंगामा
शांति की हत्या की सूचना पर देर शाम बहन राधा, मां जानकी और मायके के अन्य लोग थाने पहुंचे और हंगामा किया। बहन राधा ने आरोप लगाया कि होरीलाल बहन पर बेवजह शक करता था। आए दिन पीटता था, लेकिन बहन सबकुछ सहती रहती थी। आक्रोशित परिजन पुलिस से आरोपी को सामने लाने की मांग करने लगे। इसे लेकर काफी देर तक विवाद चलता रहा। थानाध्यक्ष राजेश पाठक ने बताया कि भाई चंद्रशेखर की तहरीर पर पति होरीलाल के खिलाफ हत्या की प्राथमिकी दर्ज की गई है। हत्यारोपी की मां बीमार है। उनका कानपुर हैलट में इलाज चल रहा था। बीमार मां की देखभाल के लिए 15 दिन से बच्चों सहित मायके में रह रही पत्नी को पांच दिन पहले लेकर आया था। मां ने बिलखते हुए कहा कभी सपने में नहीं सोचा था कि हत्या कर देगा। शांति की बहन राधा कानपुर हैलट में काम करती है। बताया कि बहनोई होरीलाल (हत्यारोपी) की मां रामावती के ब्रेन (दिमाग) में बीमारी थी। इलाज के लिए 10 दिन पहले हैलट में भर्ती कराया था।
नानी करेगी बच्चों की देखभाल
बच्चों सहित मायके सदर कोतवाली की शराब मिल कॉलोनी में रह रही शांति को सास की बीमारी की जानकारी हुई तो वह मायके से ही रोज सास की देखभाल के लिए हैलट जाती थी।मां रामावती की बुधवार को अस्पताल से छुट्टी होने की जानकारी पर होरीलाल, पत्नी व बच्चों को पांच दिन पहले घर ले आया था। मृतका की बहन राधा ने बताया कि आए दिन मारपीट के कारण वह लोग शांति को ससुराल भेजने को तैयार नहीं थे लेकिन सास की बीमारी के चलते भेज दिया था। मृतका की मां जानकी ने कहा कि बच्चों की देखभाल करेंगी।
