आजमगढ़। FourMurders यूपी के आजमगढ़ जिले में मंगलवार को अजीबो— गरीब मामला देखने को मिला, यहां एक सिरफिरे ने भाई की आत्मा की शांति के लिए घर में रखी पूजा से नाराज होकर पत्नी—बेटे और दो पुजारियों की गोली मारकर हत्या कर दी। इसके बाद आरोपी भी पुलिस की गोली से मारा गया। एक ही घर में पांच लोगों की हत्या से पूरे क्षेत्र में दहशत का माहौल है।
एसपी अनिल कुमार ने बताया कि अरविंद नाम के व्यक्ति ने इस जघन्य वारदात को अंजाम दिया। पुलिस ने उसे आत्मसमर्पण करने और बच्चों को सुरक्षित छोड़ने के लिए मनाने का प्रयास किया। बातचीत के दौरान पुलिस ने उसके परिवार के सदस्यों की भी मदद ली। लेकिन आरोपी ने पुलिस और अपने परिवार को गोली मारने की धमकी दी। उसने बच्चों को भी जान से मारने की धमकी दी। इसी बीच बेटे को गोली मार दी, जिससे स्थिति और बिगड़ गई। गोली चलने की आवाज सुनकर पुलिसकर्मी तुरंत कमरे में घुस गए। अंदर घुसते ही आरोपी ने पुलिस पर अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस ने आरोपी को चेतावनी दी, इसके बाद भी आरोपी लगातार फायरिंग करता रहा और आत्मसमर्पण नहीं किया। आत्मरक्षा और बच्चों की सुरक्षा सुनिश्चित करने के लिए पुलिस ने जवाबी फायरिंग की, जिससे आरोपी घायल हो गया। उसे तत्काल अस्पताल ले जाया गया, लेकिन उसकी मौत हो गई।
तीन की जान लेने के बाद कमरे में हुआ बंद
आजमगढ़ के अहरौला थाना क्षेत्र के शंभूपुर गांव में मंगलवार की देर शाम दिवंगत भाई सुनील सिंह की आत्मा की शांति के उद्देश्य से कराई जा रही पूजा से नाराज अरविंद सिंह ने राइफल से गोलियां बरसाकर अपनी पत्नी बबिता सिंह (40), दो पुजारियों महेंद्र पाठक (42) और अखिलेश मिश्रा (55) की हत्या कर दी। हत्या के बाद आरोपी बच्चों और परिवार को एक कमरे में बंद करके करीब 8 घंटे तक बैठा रहा। पुलिस बाहर से दरवाजा खुलवाने की अपील करती रही। लेकिन आरोपी ने दरवाजा नहीं खोला।
आरोपी अरविंद सिंह हथियार लेकर तीन बच्चों के साथ घर के अंदर कमरे में ही कैद रहा। पुलिस ने घर को चारों तरफ से घेर लिया। देर रात तक पुलिस आरोपी को बच्चों समेत सुरक्षित बाहर निकालने के प्रयास में जुटी रही। लेकिन आरोपी मानने के लिए तैयार नहीं हुआ। आरोपी ने पुलिस और अपने परिवार को गोली मारने और बच्चों को जान से मारने की धमकी दी। इसी बीच आरोपी ने अपने ही बेटे को गोली मार दी। गोली की आवाज सुनकर पुलिस तुरंत कमरे में दाखिल हुई, जहां आरोपी ने उन पर अंधाधुंध फायरिंग शुरू कर दी। पुलिस के मुताबिक, आरोपी अरविंद के साथ उसके करीब 10 साल के बेटे की भी मौत हो गई है। वहीं, आरोपी के साथ कमरे में मौजूद दो अन्य बच्चों में एक बच्ची उसके हाथ से नीचे गिर गई थी।
