मथुरा।ShriKrishnaJanmotsav भगवान श्रीकृष्ण के जन्मोत्सव पर इस बार अदभुत नजारा देखने को मिला, एक तरफ ड्रोन की मदद से आसमान में बाल गोपाल की मनमोहक तस्वीर बनाई गई, दूसरी तरफ भगवान के जन्म के बाद काली घटाओं ने घनघोर वर्षा की। यह नजारा देख भक्तों को द्वापर युग का अनुभव कर दिया। बारिश के बाद रात 11:30 बजे किशोरी रमण कॉलेज के ऊपर 500 ड्रोन ने एक साथ उड़ान भरी, तो दर्शक रोमांचित हो उठे। बॉटलैब डायनामिक्स द्वारा संचालित इस शो में आसमान में कन्हैया की बाल लीलाओं की 12 से अधिक मनोहारी आकृतियां साकार हुईं। शो की शुरुआत मोर पंख से हुई, जिसके बाद यमुना पार करते वासुदेव, यशोदा की गोद में कन्हैया, माखन चोरी, गाय को दुलारते कृष्ण, सुदर्शन चक्र और बांसुरी बजाते मुरारी के आकृतियों ने श्रद्धालुओं को अभिभूत कर दिया।सफल आयोजन के बाद उत्तर प्रदेश ब्रज तीर्थ विकास परिषद के उपाध्यक्ष शैलजाकांत मिश्र ने ड्रोन का संचालन करने वाली विशेषज्ञ टीम को सम्मानित किया।
द्वापर युग जैसा अनुभव
श्रीकृष्ण जन्मोत्सव पर इस बार भाद्रपद माह में कृष्ण पक्ष की अष्टमी तिथि की मध्यरात्रि नजारा बिल्कुल द्वापर युग जैसा नजारा दिखाई दिया। दिन में खूब बदरा बरसे और रात को भी काली घटाएं छाईं थीं। शुक्रवार को रात के 12 बजाए, संपूर्ण ब्रजमंडल नंद घर आनंद भए, जय कन्हैया लाल की के जयकारों से गुंजायमान हो उठा। अलौकिक आभा, अपार जनसैलाब, ढोल-नगाड़ों की थाप और घंटे-घड़ियालों की गूंज के बीच भगवान श्रीकृष्ण का घर-घर और मंदिरों में जन्म हुआ। लाखों श्रद्धालु इसके साक्षी बने।
गर्भगृह से अभिषेक की लाइव स्ट्रीमिंग
श्रीकृष्ण के 5253वें जन्मोत्सव पर श्रीकृष्ण जन्मभूमि स्थित मूल श्रीगर्भगृह (कारागार) से अभिषेक व पूजा-अर्चना की लाइव स्ट्रीमिंग कराई गई। गर्भगृह में श्रीकृष्ण बाल-गोपाल रूप में विराजते हैं। अब तक केवल भागवत भवन से ही लाइव प्रसारण होता रहा है, शुक्रवार मध्यरात्रि करोड़ों श्रद्धालुओं ने घर बैठे टीवी स्क्रीन पर सीधा प्रसारण देखा। इसके लिए श्रीकृष्ण जन्मस्थान सेवा संस्थान द्वारा अत्याधुनिक कैमरे लगाकर डिजिटल प्रसारण की व्यवस्था की गई।
जन्माष्टमी पर श्रीकृष्ण जन्मस्थान के 10 किलोमीटर के दायरे में श्रद्धालुओं की भीड़ दिखाई दी। मथुरा पहुंचे श्रद्धालुओं ने सड़कों, फुटपाथ, रेलवे स्टेशन, बस स्टैंड, पार्क और सार्वजनिक स्थलों पर खुले आसमान के नीचे रात बिताई। जन्माष्टमी पर तीन दिन पहले से श्रद्धालुओं का पहुंचना शुरू हो गया था। शहर के डैंपियर नगर से टाउनशिप चौराहे तक हर गली-मोहल्ले और सड़क किनारे भक्तों के झुंड नजर आए। श्रद्धालुओं के लिए नगर निगम की ओर से सुविधाएं मुहैया कराई गईं। जगह-जगह टैंकरों के जरिए पीने का पानी और मोबाइल शौचालयों की व्यवस्था की गई थी। श्रद्धालुओं ने शुक्रवार को शहर में आयोजित भंडारों में भोजन-प्रसाद ग्रहण किया।
