नईदिल्ली। Iran Attacks Kuwait पश्चिम एशिया में जारी तनाव थमने की जगह और उग्र होता जा रहा है। दोनों तरफ से एक—दूसरे पर घात लगाकर हमले किए जा रहे है। जहां अमेरिका अपनी सबसे खतरनाक सैन्य टुकड़ी तैनात कर रहा है। वहीं ईरान दुश्मन देशों को निशाना बना रहा है। इससे विश्व में तेल गैस का संकट गहराता नजर आ रहा है। ताजे घटनाक्रम में ईरान ने कुवैत हमला किया, जिसमें एक भारतीय नागरिक की मौत हो गई है। कुवैत के बिजली, पानी और नवीकरणीय ऊर्जा मंत्रालय ने सोमवार को बताया कि रविवार शाम को हुए इस हमले में एक बड़े पावर और पानी के डीसैलिनेशन (समुद्री पानी को पीने योग्य बनाने वाला) प्लांट के सर्विस बिल्डिंग को निशाना बनाया गया। इस हमले में वहां काम कर रहे एक भारतीय कर्मचारी की मौत हो गई और इमारत को भारी नुकसान पहुंचा।
जरूरी सेवाएं जारी रखने की कवायद
यह हमला कुवैत पर ईरानी आक्रामक कार्रवाई का हिस्सा था। हमले के तुरंत बाद तकनीकी और इमरजेंसी टीमों को मौके पर भेजा गया, जिन्होंने हालात को संभालने और प्लांट को चालू रखने के लिए काम शुरू कर दिया। यह पूरा काम सुरक्षा एजेंसियों और अन्य संबंधित विभागों के साथ मिलकर किया जा रहा है ताकि प्रभावित इलाके को सुरक्षित किया जा सके और जरूरी सेवाएं जारी रह सकें। सरकार ने लोगों से शांति बनाए रखने और अफवाहों से बचने की अपील की है। साथ ही भरोसा दिलाया है कि बिजली और पानी की सप्लाई को किसी भी हालत में बाधित नहीं होने दिया जाएगा। इसके लिए टीमें लगातार काम कर रही हैं और हर स्थिति के लिए तैयार हैं।
लेबनान में भी बढ़ रहा तनाव
कुवैत के साथ ही लेबनान में भी तनाव बढ़ता दिख रहा है। दक्षिणी लेबनान के अडचित अल-कुसैर क्षेत्र में संयुक्त राष्ट्र शांति मिशन (यूएनआईएफआईएल) के ठिकाने पर एक प्रोजेक्टाइल गिरने से एक शांति सैनिक की मौत हो गई, जबकि एक अन्य गंभीर रूप से घायल हो गया। यूएनआईएफआईएल ने कहा कि यह प्रोजेक्टाइल कहां से आया, इसकी जांच शुरू कर दी गई है। संगठन ने इस घटना को बेहद दुखद बताते हुए कहा कि शांति बनाए रखने के लिए काम कर रहे लोगों की जान जाना बहुत गंभीर बात है। यूएनआईएफआईएल ने सभी पक्षों से अपील की है कि वे अंतरराष्ट्रीय कानून का पालन करें और शांति सैनिकों की सुरक्षा सुनिश्चित करें। संगठन ने चेतावनी दी कि अगर जानबूझकर शांति सैनिकों पर हमला किया जाता है, तो यह युद्ध अपराध माना जा सकता है।
इस्राइल की सेना (आईडीएफ) ने दावा किया है कि उसने दक्षिणी लेबनान में हिजबुल्ला के कुछ लड़ाकों को मार गिराया, जो इस्राइली सैनिकों पर हमला करने की तैयारी कर रहे थे। सेना के मुताबिक, इन लोगों के पास विस्फोटक और मोर्टार थे। इसके अलावा, एक हथियारों का बड़ा जखीरा भी बरामद किया गया, जिसमें एंटी-टैंक मिसाइल, ग्रेनेड और अन्य हथियार शामिल थे।
