मथुरा। अयोध्या और काशी का विकास करने के बाद CM Yogi का ध्यान पूरी तरह मथुरा को चमकाने पर लगा है। पिछले आठ साल में वह 38 बार मथुरा पहुंचे और विकास का खाका खींच रहे है। इसी क्रम में उन्होंने कहा ब्रज क्षेत्र में द्वापर युग फिर से लौटेगा। इसके लिए 30 हजार करोड़ की योजना की घोषणा की। उन्होंने यमुना को निर्मल और अविरल करने संकल्प लिया। वह शनिवार को भगवान श्रीकृष्ण के 5252वें जन्मोत्सव पर मथुरा पहुंचे थे। सीएम ने जन्मभूमि पहुंचकर भगवान श्रीकृष्ण का पूजन किया। उन्होंने श्रद्धालुओं और देशवासियों को जन्माष्टमी की बधाई दी। ब्रज की रज में श्रीकृष्ण बसे हैं। श्रीकृष्ण की निष्काम कर्म की प्रेरणा हमें ताकत देती है। जब तक यह प्रेरणा हमारे बीच है, कोई हमारा बाल भी बांका नहीं कर सकता। संवाद
बच्चों को खीर खिलाई
श्रीकृष्ण जन्माष्टमी पर सीएम योगी ने जन्मस्थान मंदिर में कान्हा के दर्शन किए। इसके बाद वे पांचजन्य सभागार पहुंचे। यहां उन्होंने बाल स्वरूप बच्चों को दुलार किया। अपने हाथों से उसे खीर भी खिलाई। इस दौरान बच्चों को उन्होंने उपहार भी दिए। मुख्यमंत्री पिछले आठ वर्षों में 38वीं बार भगवान कृष्ण की नगरी मथुरा का दौरा कर यह स्पष्ट कर दिया है कि उनकी सरकार के मुख्य एजेंडों में मथुरा का विकास भी शामिल है। मुख्यमंत्री रहते हुए सर्वाधिक बार मथुरा की यात्रा करने का उनका यह रिकॉर्ड, सनातन आस्था के प्रति उनकी सरकार के गहरे सम्मान और समर्पण को दर्शाता है। काशी और अयोध्या की तरह ही, अब मथुरा भी योगी सरकार के विकास के केंद्र में आ गया है।
CM Yogi ने अपने कार्यकाल में काशी का 160, अयोध्या का 85 और अब मथुरा का 38 बार दौरा किया है। यह संख्या बताती है कि जिस भी धार्मिक नगरी पर उनका फोकस बढ़ता है, उसका कायाकल्प सुनिश्चित होता है। काशी विश्वनाथ धाम और अयोध्या में भव्य राम मंदिर के निर्माण के बाद अब कृष्ण नगरी के विकास पर उनका पूरा ध्यान है। यह दर्शाता है कि योगी सरकार भारत की तीनों प्रमुख धार्मिक नगरी को विश्व पटल पर स्थापित करने के लिए प्रतिबद्ध है।
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