भोपाल। एमपी की राजधानी भोपाल के शाहपुरा में नवविवाहिता डॉ. रिचा पांडे की संदिग्ध अवस्था में मौत के मामले में उनके पति अभिजीत पांडे के खिलाफ हत्या की रिपोर्ट दर्ज हुई। बता दें पहले इस मामले में पुलिस ने अभिजीत पर खुदकुशी के लिए उकसाने का आरोप लगाया था, लेकिन यह स्पष्ट हुआ है कि उसने जहरीला इंजेक्शन देकर रिचा की हत्या की थी। अपर सत्र न्यायाधीश नीलू संजीव श्रंगीऋषि की अदालत ने अभिजीत के खिलाफ आत्महत्या के लिए उकसाने, दहेज हत्या, हत्या और दहेज के लिए प्रताड़ित करने के आरोप तय किए हैं। अब इन आरोपों पर ट्रायल होगा।
खुद को डेंटिस्ट बताता था अभिजीत पांडे
मूल रूप से सतना की रहने वाली डॉ. रिचा पांडे के घर वाले लखनऊ में रहते हैं। जबलपुर से एमबीबीएस करने के बाद वह आरकेडीएफ कॉलेज में सहायक प्रोफेसर के रूप में कार्यरत थीं। उनकी शादी दिसंबर 2024 में अभिजीत से हुई थी, जो खुद को डेंटिस्ट बताता था और एमपी नगर में क्लीनिक चला रहा था। 21 मार्च को रिचा का शव उनके बेडरूम में मिला था और पोस्टमार्टम रिपोर्ट में एनेस्थिसिया की ओवरडोज से मौत की पुष्टि हुई। रिचा ने अपने भाई को एक नोट भेजा था, जिसमें पति के विवाहेत्तर संबंधों के बारे में लिखा था। इसके बाद परिवार वालों ने अभिजीत की डिग्री और क्लीनिक की वैधता पर सवाल उठाए थे। जांच में पता चला कि क्लीनिक बिना अनुमति चल रही थी और अभिजीत के पास कोई मान्यता प्राप्त डिग्री नहीं थी।
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