अयोध्या। आस्था पर डाका: भगवान श्रीराम के पावन धाम में भक्तों द्वारा भेंट किए गए जेवर और नकदी पर डाका डालने वाले आरोपियों के खिलाफ जांच जारी है। एसआईटी आरोपियों को कोर्ट में पेश करने से पहले पुख्ता सबूत जुटाने में जुटी है। इसी क्रम में टीम ने आठों आरोपियों के घरों पर छापा मारा। कार्रवाई के दौरान घरों की तलाशी ली गई और कई दस्तावेज, इलेक्ट्रॉनिक उपकरण व अन्य महत्वपूर्ण सामग्री की जांच की गई। परिजनों से भी पूछताछ की गई। टिन्नू यादव के घर से नकदी, जेवर और निवेश प्रपत्र बरामद हुए हैं। प्रकरण में रिपोर्ट दर्ज होने के बाद यह अब तक की सबसे बड़ी समन्वित कार्रवाई मानी जा रही है।
चढ़ावा चोरी मामले में स्वर्गद्वार मोहल्ला निवासी रामशंकर यादव उर्फ टिन्नू, उसका भतीजा मनीष यादव, कौशलपुरी कॉलोनी निवासी अनुकल्प मिश्रा, खंडासा के जयराजपुर निवासी करुणेश पांडेय, रुदौली के ठकुरान फगौली निवासी लवकुश मिश्रा, मीरापुर रामसखा बगिया निवासी रमाशंकर मिश्रा, कौशलपुरी कॉलोनी में किराये पर रहने वाले अविनाश शुक्ला और अंजनीपुरम कॉलोनी निवासी सुभाष श्रीवास्तव नामजद आरोपी हैं। प्रारंभिक जांच में आरोपियों के पास से 79.85 लाख रुपये बरामद हुए थे।
12 टीमें मामले की जांच कर रही हैं
सीओ अयोध्या आशुतोष तिवारी के नेतृत्व में पुलिस की 12 टीमें मामले की जांच कर रही हैं। रविवार सुबह अलग-अलग टीमों ने आरोपियों के घरों पर एक साथ पहुंचकर लगभग सात घंटे तक छानबीन की। टिन्नू यादव के घर पहुंची टीम से परिजनों ने आपत्ति जताई। हल्की बहस के बाद सीओ अंदर गए। बाद में अन्य पुलिसकर्मी भी गए और जांच व तलाश शुरू की। सूत्रों के अनुसार, टिन्नू के घर से बैंक में निवेश के प्रपत्र, जेवर और बड़ी मात्रा में नकदी बरामद हुई है। हाल ही में खरीदे गए कई लग्जरी सामानों की रसीदें व कागजात मिले हैं।
बैंक संबंधी कागजात की पड़ताल
अन्य आरोपियों के घर से पैन कार्ड, आधार कार्ड, जमीन और बैंक संबंधी कई अहम कागजात मिले हैं। कुछ लोगों के यहां कीमती जेवर भी मिले हैं, जिनके संबंध में पुलिस ने साक्ष्य मांगे हैं। जेवरों की रसीद आदि तलब की है। तलाशी के दौरान टीमों ने बैंकिंग और वित्तीय दस्तावेज, मोबाइल फोन, डिजिटल रिकॉर्ड और अन्य अभिलेखों की पड़ताल की। वहीं, पूरे मामले में पुलिस अधिकारी ने कुछ भी बोलने से इन्कार किया।
आरोपियों की पेशी आज
जेल भेजे गए आठ आरोपियों को सोमवार को एंटी करप्शन कोर्ट में पेश किए जाने की संभावना है। विवेचना अधिकारी आरोपियों की पुलिस कस्टडी की मांग भी अदालत से कर सकते हैं। आरोपियों को रिमांड मजिस्ट्रेट निवेदिता सिंह के सामने 26 जून को पेश किया गया था। उन्होंने आरोपियों पर भ्रष्टाचार अधिनियम के अपराध की धारा लगी होने के कारण तीन दिन के न्यायिक अभिरक्षा में जेल भेज दिया था। सभी आरोपियों को 29 जून को विशेष न्यायाधीश एंटी करप्शन कोर्ट रजत वर्मा के समक्ष पेश होने का आदेश जारी किया था। हालांकि जानकार बताते हैं कि ऐसे संवेदनशील मामले में सुरक्षा की दृष्टि से आरोपियों की सुनवाई वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से करने की अधिक संभावना रहती है।
चंदा चोरी प्रकरण पर संघ की नजर
राम मंदिर में चंदा चोरी मामले में राष्ट्रीय स्वयंसेवक संघ के कई पदाधिकारी इन दिनों अयोध्या में मौजूद हैं। आधिकारिक तौर पर ये सभी पदाधिकारी साकेत निलयम में आयोजित नवीन विस्तारक वर्ग में भाग लेने पहुंचे हैं, लेकिन सूत्रों का कहना है कि संघ नेतृत्व राम मंदिर से जुड़े घटनाक्रमों पर भी लगातार नजर बनाए हुए है। जानकारी के अनुसार संघ के प्रांत प्रचारक कौशल, क्षेत्र प्रचारक अनिल, क्षेत्र प्रचारक प्रमुख राजेंद्र तथा प्रांत प्रचारक प्रमुख यशोदानंद विस्तारक वर्ग में शामिल होने के लिए अयोध्या पहुंचे हैं। इस दौरान वरिष्ठ प्रचारकों की साधु-संतों और धर्माचार्यों से भी मुलाकातें हो रही हैं। सूत्रों के मुताबिक इन मुलाकातों को केवल औपचारिक नहीं माना जा रहा है। माना जा रहा है कि संघ नेतृत्व चंदा चोरी प्रकरण और उससे उपजे हालात को लेकर संत समाज का फीडबैक भी प्राप्त कर रहा है।
