- सामाजिक-आर्थिक प्रभाव रिपोर्ट का भी हुआ अनावरण; केंद्रीय उद्योग और वाणिज्य मंत्री पीयूष गोयल रहे मौजूद
बिजनेस डेस्क, मुंबई: नया सेंटर, L’Oréal के प्रमुख कौशल कार्यक्रम ‘ब्यूटी फॉर अ बेटर लाइफ’ का हिस्सा है, जो सीआईआई के उत्तर मुंबई स्किल सेंटर में 4,267 वर्ग फुट में फैला हुआ है। यह केंद्र हर साल लगभग 3,000 लोगों को प्रशिक्षित करने के लिए सुसज्जित है।यह महत्वपूर्ण पड़ाव L’Oréal India की उस 31 साल पुरानी विरासत का नया अध्याय है, जिसके तहत कंपनी कौशल विकास, स्थायी आजीविका और महिला सशक्तिकरण के प्रति लगातार समर्पित रही है। L’Oréal India में मिलने वाली हर 1 नौकरी पूरी वैल्यू चेन में 39.5 अतिरिक्त नौकरियां पैदा करती है, जिससे देश भर में कुल 90,500 नौकरियों को सहयोग मिलता है।
ब्यूटी स्किलिंग सेंटर
L’Oréal India ने आज अपने सबसे बड़े ब्यूटी स्किलिंग सेंटर को शुरू करने की घोषणा की। इसे ‘कॉन्फेडरेशन ऑफ इंडियन इंडस्ट्री’ (सीआईआई) के साथ एक खास रणनीतिक साझेदारी के तहत तैयार किया गया है। सेंटर L’Oréal के प्रमुख कार्यक्रम ‘ब्यूटी फॉर अ बेटर लाइफ’ के तहत काम करेगा। यह बड़ा निवेश भारत के कौशल विकास इकोसिस्टम में परिवर्तन लेकर आएगा, ज़रूरतमंद और पिछड़े समुदायों की महिलाओं को पेशेवर हुनर, आर्थिक स्वतंत्रता और स्थायी आजीविका के रास्ते देकर उन्हें आत्मनिर्भर बनाएगा। 4,267 वर्ग फुट में फैला यह सेंटर हर साल 3,000 लोग प्रोफेशनल हेयरड्रेसिंग, मेकअप आर्टिस्ट्री और ब्यूटी सर्विसेज में प्रशिक्षित करने के लिए सुसज्जित है। सहयोगी गैर-सरकारी संगठनों और सैलून इंडस्ट्री के साथ मिलकर काम करते हुए, L’Oréal का ‘ब्यूटी फॉर अ बेटर लाइफ’ कार्यक्रम विश्व स्तरीय प्रोफेशनल प्रशिक्षण, करियर के बारे में मार्गदर्शन, नौकरी दिलाने (जॉब प्लेसमेंट) में मदद और प्रशिक्षकों के विकास के लिए समर्पित प्रयास शामिल हैं।
‘मेक इन इंडिया’ के प्रति संकल्प
L’Oréal India पिछले 31 सालों से भारत में कार्यरत है और इस दौरान उन्होंने महत्वपूर्ण सामाजिक-आर्थिक योगदान दिया है। अब, इस नए ‘ब्यूटी स्किलिंग सेंटर’ का खुलना उसके इसी सफर में एक और बड़ी और नई कामयाबी है। इस उद्घाटन के मौके पर, L’Oréal India ने अपनी पहली ‘सामाजिक-आर्थिक प्रभाव अध्ययन’ रिपोर्ट भी जारी की, जो भारतीय अर्थव्यवस्था के साथ कंपनी के गहरे जुड़ाव को दर्शाती है।पेरिस स्थित इकोनॉमिक रिसर्च कंसल्टेंसी Asterès द्वारा Asterès Impact Model (MIA) का उपयोग करके किए गए इस अध्ययन में पाई गई मुख्य बातें:
1:39.5 जॉब मल्टीप्लायर: L’Oréal India में सीधे मिलने वाली हर एक नौकरी, पूरी वैल्यू चेन में 39.5 अतिरिक्त नौकरियों को सहारा देती है। इस तरह यह कंपनी लॉजिस्टिक्स, पैकेजिंग, कच्चे माल की खरीद और रिटेल के क्षेत्रों को मिलाकर देश भर में कुल 90,500 नौकरियों को लगातार चलाए रखने में मदद कर रही है।
स्थानीय विनिर्माण का पावरहाउस: भारत सरकार के “Make in India” विज़न के बिल्कुल अनुरूप, भारत में बेचे जाने वाले L’Oréal के 95% प्रोडक्ट्स यहीं स्थानीय स्तर पर बनाए जाते हैं। ये प्रोडक्ट्स चाकण (महाराष्ट्र) और बद्दी (हिमाचल प्रदेश) में स्थित कंपनी की अत्याधुनिक और हाई-टेक फैक्ट्रियों में तैयार होते हैं।
ग्लोबल एक्सपोर्ट हब: L’Oréal की भारतीय फैक्ट्रियां दुनिया भर के लिए एक महत्वपूर्ण मैन्युफैक्चरिंग हब के रूप में काम करती हैं, जहाँ से तैयार माल को 25 अंतरराष्ट्रीय बाज़ारों में निर्यात किया जाता है।
सैलून इकोनॉमी का मुख्य आधार: L’Oréal भारत की €230 मिलियन (2,000+ करोड़ रुपये) के प्रोफेशनल हेयरड्रेसिंग इकोसिस्टम को खड़ा करने में एक मुख्य ताकत रहा है। इस नेटवर्क के तहत कंपनी देश भर के 54,000 से अधिक सैलून के साथ साझेदारी करती है।
