बरेली। आई लव मोहम्मद के विवाद हो हवा देकर बरेली को जलाने की साजिश Maulana तौकीर रजा खां के करीबी डॉ. नफीस ने रची थी। उसी ने लोगों को मैसेज करके तोड़फोड़ और बमबाजी के लिए उकसाया था। पुलिस आरोपी पर कार्रवाई करते हुए उसकी नावल्टी स्थित मार्केट को सील कर दिया। इसमें 74 दुकानें हैं। इसी मार्केट में आईएमसी का दफ्तर भी चल रहा था। उस पर भी नगर निगम ने ताला लगा दिया है। आरोप है कि नाले पर कब्जा कर यह मार्केट बनाई गई है। देर रात नफीस को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया। इसके साथ ही बवाल के दौरान तोड़फोड़ करने वालों को पुलिस गिरफ्तार करके सबक सिखा रही है।
बता दें कि आईएमसी के पूर्व जिलाध्यक्ष और तौकीर के सिपहसालार नदीम को पुलिस ने रविवार रात को ही गिरफ्तार कर लिया था। उपद्रव की तफ्तीश के लिए विशेष जांच दल (एसआईटी) का गठन किया गया है। एसएसपी अनुराग आर्य ने कहा कि एसआईटी में एसपी सिटी मानुष पारीक के नेतृत्व में तीन सीओ और 14 इंस्पेक्टर शामिल हैं। नगर आयुक्त संजीव कुमार मौर्य ने कहा कि पहलवान साहब की मजार के पास की मार्केट की कई दुकानें नाले पर बनी हैं जो अवैध हैं।
टीम ने मार्केट की पैमाइश की
शनिवार शाम को ही नगर निगम की टीम ने मार्केट की पैमाइश कर ली थी। सोमवार को टीम मौके पर पहुंची और दुकानदारों को सामान निकालने के लिए कहा। जैसे-जैसे दुकानें खाली होती गईं, एक-एक कर उनको सील किया गया। इसके बाद पूरी मार्केट पर बाहर से ताला लगाकर सील कर दिया गया। मार्केट के दूसरे तल पर स्थित आईएमसी कार्यालय में बैठकर नफीस जिले में होने वाले कार्यों की रूप रेखा तय करता था, इसलिए उस पर सील लगा दिया गया।इससे पहले मौलाना के एक और करीबी के मैरिज लॉन और बरात घर को सील कर दिया गया था।
इंस्पेक्टर की हाथ काटने की दी थी धमकी
डॉ. नफीस ही संगठन की पूरी रणनीति को अंजाम देता था। नफीस का करीबी पार्षद अनीस सकलैनी मार्केट में पंचायत लगाकर बैठता था। पिछले दिनों नफीस ने आई लव मोहम्मद लिखे पोस्टर उतारने पर किला इंस्पेक्टर को हाथ काटने और वर्दी उतारने की धमकी दी थी। आईएमसी का पूर्व जिलाध्यक्ष और मौलाना तौकीर का खास गुर्गा नदीम खां उपद्रव के दौरान पलिस का वायरलेस भी छीनकर ले गया था। कोतवाली पुलिस ने नदीम की गिरफ्तारी के बाद उसकी निशानदेही पर हैंडसेट बरामद कर लिया। माना जा रहा है कि नदीम व अन्य आरोपियों ने पुलिस की गोपनीय बातें सुनने के लिए इस हैंडसेट का इस्तेमाल किया होगा। साथ ही, वह सेट जिस टीम का रहा होगा, उसका दूसरी टीमों से संपर्क भी टूट गया होगा।
भड़काने वालों में सबसे आगे था नदीम
एसएसपी अनुराग आर्य ने सोमवार को प्रेसवार्ता में बताया कि नदीम खां मौलाना तौकीर का बेहद भरोसेमंद है। शुक्रवार को बवाल के दौरान भीड़ को उकसाकर प्रदर्शन की अगुवाई करने वालों में वह सबसे आगे था। कोतवाली प्रभारी अमित पांडेय के नेतृत्व में पुलिस टीम ने रविवार रात कोतवाली क्षेत्र से ही नदीम की गिरफ्तारी की। सीओ प्रथम आशुतोष शिवम ने बताया कि कोतवाली पुलिस ने नदीम के साथ ही मुस्तकीम, जफरुद्दीन, मोहम्मद इमरोज, मुसरोफ शेख, शमशेर रजा, मोहम्मद उवैस, राहिल, मोहम्मद साजिद, समीर, जीशान, फैसल, तौहीद खान व फरमान को भी अलग-अलग जगहों से गिरफ्तार किया। बारादरी इंस्पेक्टर धनंजय पांडेय ने बताया कि कसाई टोला निवासी उमेद, मुस्तकीम, अरबाज, कलीम, मोबीन, नाजिम रजा, मोहसिन, शाकिब, रफीक, जैनुल, तौहीन, फैसल, मोबीन पुत्र छोटेशाह, अरशद व सुब्हान को गिरफ्तार कर लिया गया। देर रात बारादरी पुलिस ने आईएमसी के जिलाध्यक्ष फरीदपुर निवासी सादिक खान को भी गिरफ्तार कर लिया।
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