नई दिल्ली।Republic Day Celebration देश आज अपना 77वां गणतंत्र दिवस मना रहा है। राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली में आयोजित मुख्य समारोह में राष्ट्रपति द्रौपदी मुर्मू ने परेड की सलामी ली। यूरोपीय संघ की अध्यक्ष उर्सुला लॉन डेर लेयेन और यूरोपीय परिषद के अध्यक्ष एंटोनियो लुइस सैंटोस दा कोस्टा इस गौरवशाली लम्हे के साक्षी बनी। देश के राज्यों में भी गणतंत्र दिवस के अवसर पर तिरंगा फहराया जा रहा है। इस साल गणतंत्र दिवस की थीम वंदे मातरम के 150 साल है। कर्तव्य पथ पर आयोजित होने वाली भव्य परेड में थीम आधारित सजावट की गई है।
यूरोपीय संघ की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयन
गणतंत्र दिवस पर यूरोपीय आयोग (यूरोपियन कमीशन) की अध्यक्ष उर्सुला वॉन डेर लेयन और यूरोपीय परिषद (यूरोपियन काउंसिल) के अध्यक्ष एंटोनियो कोस्टा गणतंत्र दिवस परेड में मुख्य अतिथि के तौर पर शामिल होंगे। उर्सुला वॉन डेर लेयन मौजूदा समय में यूरोपीय संघ (ईयू) के मामलों को संभालने वाले केंद्रीय आयोग- यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष हैं। इसलिए उन्हें कई बार यूरोपीय आयोग की अध्यक्ष भी कहा जाता है। इस पद के लिए हर पांच साल में यूरोप में चुनाव होते हैं और यूरोपीय देशों (फ्रांस, जर्मनी, स्पेन, हंगरी समेत 27 देश) के अलग-अलग राजनीतिक दल इस चुनाव में उम्मीदवारी पेश करते हैं और चुनाव में हिस्सा लेते हैं।
पीएम मोदी ने दी शुभकामनाएं
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने गणतंत्र दिवस की शुभकामनाएं दीं। सोशल मीडिया पर साझा एक पोस्ट में पीएम मोदी ने लिखा कि ‘सभी देशवासियों को गणतंत्र दिवस की बहुत-बहुत बधाई। भारत की आन-बान और शान का प्रतीक यह राष्ट्रीय महापर्व आप सभी के जीवन में नई ऊर्जा और नए उत्साह का संचार करे। विकसित भारत का संकल्प और अधिक सुदृढ़ हो, यही कामना है।’
40 देशों के भिक्षु होंगे ‘सम्मानित अतिथि’
दिल्ली में 24-25 जनवरी को आयोजित ग्लोबल बौद्ध समिट में भाग लेने वाले 40 देशों के भिक्षु और भिक्षुणियां इस साल गणतंत्र दिवस पर सम्मानित अतिथि होंगे। इंटरनेशनल बौद्ध कन्फेडरेशन और संस्कृति मंत्रालय द्वारा आयोजित इस दो दिवसीय सम्मेलन का विषय था ‘साझा बुद्धिमत्ता, एकीकृत आवाज और सहयोगपूर्ण सहअस्तित्व’। सम्मेलन का उद्देश्य दुनिया में शांति, सामाजिक सामंजस्य और पर्यावरणीय जागरूकता का संदेश फैलाना था। IBC के सचिव जनरल, वेन शार्त्से खेनसुर रिनपोचे जांगचुप चोडेन ने कहा भारत गणतंत्र दिवस पर अपनी शक्ति दिखाएगा, लेकिन साथ ही बुद्ध धर्म के संदेश के जरिए दुनिया में शांति और करुणा फैलाएगा। सम्मेलन में 800 से अधिक प्रतिनिधि और 200 से ज्यादा विदेशी प्रतिभागी शामिल हुए।
Mission 2027: यूपी विधान सभा चुनाव में तीसरे मोर्चे की दस्तक, भाजपा की राह करेगी आसान
