बरेली।Honeytrap पति उसके खर्च नहीं उठा पाया तो दूसरे मर्दों को हुस्न के जाल में फंसाकर अपने शौक पूरे करने लगी। एक ठेकेदार से संबंध बनाने के दौरान वीडियो और अश्लील फोटो खींच लिए इसके बाद उसे ब्लैकमेल करके 15 लाख रुपये वसूल लिए। पीड़ित की तहरीर पर रिपोर्ट दर्ज कर पुलिस ने आरोपी महिला को गिरफ्तार कर लिया। पूछताछ में उसने बताया कि उसका पति खर्चे पूरे नहीं कर पाता था। इसलिए उसे छोड़ दिया। अपने शौक पूरा करने के लिए वह हनीट्रैप गिरोह में शामिल हो गई। पुलिस अब उसके गिरोह के अन्य लोगों के बारे में पता लगा रही है।
महिला गिरफ्तार, गिरोह की तलाश
बरेली में हनीट्रैप गिरोह की युवती ने एक बिजली ठेकेदार को प्रेमजाल में फंसाकर 15 लाख रुपये वसूल लिए। ठेकेदार ने रुपये देने बंद किए तो मुकदमे में फंसाने की धमकी देकर 12 लाख रुपये और मांगे। प्रेमनगर थाना पुलिस ने गिरोह के चार लोगों के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कर महिला को गिरफ्तार कर लिया। कोर्ट ने उसे शनिवार को जेल भेज दिया।
प्रेमनगर निवासी मनीष गंगवार ने सीओ प्रथम आशुतोष शिवम को बताया कि इज्जतनगर के वीर सावरकर नगर में उनके मामा अशोक कुमार का मकान है। एक साल पहले पूजा शर्मा नाम की युवती ने उनके मकान में किराये पर लेने के लिए संपर्क किया। मनीष ने घर उसे किराये पर दे दिया। पूजा अक्सर मजबूरी जताकर उनसे आर्थिक मदद मांगने लगी। भावनात्मक रूप से उन्हें फंसाने के साथ ही पूजा ने उनके साथ शारीरिक संबंध भी बनाए। इस बार उसने 12 लाख रुपये मांगे। मनीष मांग पूरी नहीं कर सके तो पूजा ने उनको धमकी दिलाई कि रुपये दे दो, वरना दुष्कर्म की रिपोर्ट करवा दूंगी। उसके गिरोह में कुछ और लोग भी हैं, जो उन्हें धमकाते रहते थे। मनीष की शिकायत पर पुलिस ने पूजा को गिरफ्तार कर लिया।
मुकदमे फंसाने की दी धमकी
ठेकेदार को हनीट्रैप में फंसाकर रुपये वसूलने की आरोपी पूजा ने पुलिस को बताया कि उसका पति खर्च पूरे नहीं कर पाता था। इसलिए उसे छोड़ दिया। उसकी बड़ी बेटी 13 साल की और छोटी तीन साल की है। उनके साथ वह अलग रह रही है। आय का कोई सही साधन नहीं है। इस बीच मनीष गंगवार से मुलाकात हो गई। मनीष से खर्चा मिलने लगा। उनके साथ कई जगह घूमने गई। मौज-मस्ती के साथ लगातार रुपये वसूलती रही। पूजा ने बताया कि जब मनीष को अहसास हुआ कि वह फंस गया है तो उसने रुपये देना बंद कर दिया। तब दुष्कर्म का मुकदमा दर्ज कराने की धमकी देकर उससे दस लाख रुपये ले लिए। रुपये मिले तो शिकायत वापस ले ली। पूजा ने बताया कि इसके बाद उसे लालच आ गया था। तब उसने बारह लाख रुपये की मांग रख दी।
प्राथमिक जांच में साबित हुए आरोप
सीओ प्रथम ने मामले की जांच कराई तो आरोप सही साबित हुए। इसके बाद पूजा शर्मा, उसके साथी उदित पांडेय, गुड्डू बंजारा व अवधेश यादव के खिलाफ प्रेमनगर थाने में रिपोर्ट दर्ज करा दी। पूजा शर्मा को वेलेंटाइन डे पर गिरफ्तार कर लिया। कोर्ट से उसे जेल भेज दिया गया। पूजा के साथियों की तलाश की जा रही है। सीओ ने बताया कि पूजा के पास से बरामद मोबाइल फोन की जांच की जा रही है। गिरोह में किसी और की संलिप्तता हुई तो उसकी भी गिरफ्तारी की जाएगी।
