हे भगवान संतान के लिए सात दिन में दो कॉल गर्ल की बलि, मारने से पहले दोनों से किया था सेक्स

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Oh god, two call girls were sacrificed in seven days for children, before killing both had sex
ऐसी काल गर्ल को चुना जिनका कोई नहीं हो, ताकि मारने के बाद उनकी खोजबीन करने वाला कोई नहीं हो।

ग्वालियर। मध्यप्रदेश की ग्वालियर पुलिस ने एक ऐसे मामले का खुलासा किया हैं, जिसे सुनकर किसी के भी होश उड़ जायेंगे। आरोपित ने सात दिन के अंदर संतान के लिए दो काल गर्ल को बुलाकर पहले सेक्स किया, फिर दोनों की गला दबाकर हत्या कर दी।

यह सब उसने एक तांत्रिक के कहने पर किया। इस कांड को अंजाम देने के लिए पहले उसने फिल्म देखकर साजिश रची, ऐसी काल गर्ल को चुना जिनका कोई नहीं हो, ताकि मारने के बाद उनकी खोजबीन करने वाला कोई नहीं हो।

18 साल में नहीं हुई संतान

ग्वालियर के रहने वाले बेटू भदौरिया और ममता भदौरिया की 18 साल पहले शादी हुई थी, दोनों की कोई संतान नहीं थी इस वजह से दोनों बहुत परेशान रहते थे।दोनों ने डॉक्टर से लेकर वैद तक से इलाज कराया फिर जब संतान है हुई तो तांत्रिक के फेर में पड़ गए।तांत्रिक ने संतान के लिए नरबलि देने का इंतजाम करने को कहा। इसके बाद आरोपित ने नरबलि देने के लिए मानव का इंतजाम करने के फिल्म मर्डर 2 की कहानी से प्रेरित होकर कालगर्ल की बलि देने की साजिश रच डाली।

पकड़े जाने के डर से भाग गए

इस अपराध में उसने अपनी बीबी की बहन और उसके प्रेमी को साथ मिलाया। यह तथ्य आरोपियों से पूछताछ में सामने आया । पुलिस के अनुसार आरोपितों ने पहली बलि दुर्गा अष्टमी के दिन दी थी, लेकिन पहली बलि से पहले आरोपित नीरज ने शराब पी ली थी, इसलिए बाबा ने इस बलि को नहीं माना, इसके बाद दूसरी बलि देने को कहा, इसके लिए फिर से काल गर्ल का इंतजाम किया गया। इस बार जब आरोपितों ने नरबलि के बाद शव को ठिकाने लगाने के लिए लेकर जा रहे थे, तो शव बाइक से रास्ते में गिर गया।

दोनों पकड़े जाने के डर से भाग गए। सुबह जब शव पुलिस को मिला तो जांच पड़ताल में इन दो नरबलि की पोल खुल गई । पुलिस के अनुसार दोनों कॉल गर्ल की हत्या से पहले मास्टरमाइंड नीरज परमार ने उनसे सेक्स किया था। तांत्रिक ने उसे ऐसा करने के लिए कहा था। इसके बाद उनकी गला घोंटकर हत्या कर दी गई। नरबलि के दौरान तांत्रिक वीडियो कॉल सबकुछ देख रहा था और वहीं से तंत्र मंत्र पढ़ रहा था। नेटवर्क न होने से VC कट हुआ, तो कॉलिंग कर मंत्र पढ़ने लगा।

सिम कार्ड ने खोली दूसरी हत्या की पोल

इस हत्याकांड में शामिल तांत्रिक सखी बाबा के पास से कॉल गर्ल का सिम कार्ड भी मिला है, जिसे वह मोबाइल में चला रहा था। यह सिम कॉलर्गल नीरू का था। इसकी की मदद से पूरा राज खुला। सीएसपी रवि भदौरिया ने घटना स्थल पर भी पड़ताल की। जिस छत पर कॉलगर्ल आरती की हत्या की गई थी, वहां से सिंदूर, कलावा, कॉन्डोम का खाली पाउच, शराब की बोतल मिली हैं। पुलिस ने सामान जब्त कर लिया है। साथ ही, आरोपियों से पूछताछ की जा रही है।

21 अक्टूबर मिला था पहला शव

आपकों बता दें कि इस नरबलि की पोल उस समय खुलनी शुरू हुई, जब 21 अक्टूबर की सुबह ग्वालियर हजीरा में मुरैना रोड पर महिला का शव सड़क किनारे मिला था। उसकी पहचान हजीरा की रहने वाली आरती उर्फ लक्ष्मी मिश्रा (40 साल) के रूप में हुई थी। पुलिस ने मोतीझील की ममता, उसके पति बेटू भदौरिया, बेटू की बहन मीरा राजावत, मीरा का बॉयफ्रेंड नीरज परमार और तांत्रिक गिरवर यादव को गिरफ्तार किया था। ममता और बेटू को शादी के 18 साल बाद भी बच्चे नहीं हो रहे थे। तांत्रिक ने उन्हें मानव बलि देने को कहा था। पूछताछ में आरोपियों ने कबूला कि उन्होंने इससे पहले 13 अक्टूर को कॉलगर्ल नीरू की भी हत्या की है।

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