Sunday, September 25, 2022
Homeवायरलरातभर प्रेमिका के 18 साल की होने का किया इंतजार, सुबह होते...

रातभर प्रेमिका के 18 साल की होने का किया इंतजार, सुबह होते ही पहुंच गया शादी करने

लखनऊ।यूपी की राजधानी लखनऊ में सोमवार को ​एक प्रेम कहानी का सुखद अंत हुआ। यहां के रहने वाला एक प्रेमी जोड़ा एक —दूसरे को दिलों जान से मोहब्बत करता था। समस्या यह थी कि प्रेमिका नाबालिग थी। इसके बाद भी दोनों ने एक मंदिर में शादी कर ली थी। घर वालों को जब पता चला तो इस रिश्ते का विरोध हुआ प्रेमी के खिलाफ थाने में शिकायत हुई नतीजा यह हुआ कि प्रेमी को 81 दिनों की जेल हो गई। जेल से छूटने के बाद भी दोनों के दिल में जली हुई प्रेम की ज्वाला कम नहीं हुई। इस बीच युवक जेल से छूटकर घर आ गया और अपनी प्रेमिका के बालिग होने का इन्तजार करता रहा। जैसी ही वह सोमवार को बालिग हुई वैसे ही प्रेमी उसके घर पहुंच गया उसे अपने साथ ले जाने के लिए। जैसे ही प्रेमिका के घर वाले बेटी के प्रेमी को घर के बाहर देखा तो विवाद होने लगा। घर वाले प्रेमी को पीटने लगे इसी दौरान किसी ने इसकी सूचना पुलिस को दे दी। मौके पर पहुंची पुलिस सभी को लेकर थाने पहुंची। थाने में प्रेमी—प्रेमिका और घर वालों की बात गौर सुनी गई। इसके बाद दोनेां की इच्छा को देखते हुए कोर्ट मैरिज कराने पर सहमति बन गई।

प्रेम प्रसंग का यह मामला राजधानी के माल थानाक्षेत्र के भगवंतखेड़ा गांव का है। यहां का रहने वाला सुमित यादव की अपनी पड़ोसी रितिका से बचपन से ही दोस्ती थी। सुमित आठवीं पास है तो रितिका 9वीं। दोनों के बीच प्यार कब हो गया, इसके बारे में कोई नहीं बता पा रहा। कई साल बाद इसकी जानकारी रितिका के परिजनों को हुई तो वह रिश्ते के खिलाफ हो गए। परिजनों का विरोध देखकर दोनों 19 अप्रैल को घर से भाग गए थो। दोनों ने अलीगंज के आर्य समाज मंदिर में आधारकार्ड में दर्ज जन्मतिथि के आधार पर युवती को बालिग बताया। आधारकार्ड दिखाने के बाद आर्य समाज मंदिर के प्रमुख पुजारी ने दोनों की शादी करवा दी और इसका प्रमाण पत्र भी दे दिया।

परिजनों ने जताई आपत्ति

जैसे ही प्रेमिका के घर वालों को आर्य समाज मंदिर में शादी करने की जानकारी हुई तो इस पर आपत्ति की। इस संबंध में माल थाने में मुकदमा दर्ज कराया। जहां अस्पताल द्वारा जारी जन्म प्रमाण पत्र के आधार पर पुलिस ने कार्रवाई की। इसके आधार पर रितिका नाबालिग थी। पुलिस ने सुमित के खिलाफ मुकदमा दर्ज कर गिरफ्तार कर लिया। 24 अप्रैल से उसे 81 दिनों तक जेल में रहना पड़ा। तीन दिन पहले उसे कोर्ट ने जमानत दे दी। जेल से छूटने के बाद सुमित अपनी प्रेमिका के बालिग होने का इन्तजार करने लगा। प्रेमी सुमित के अनुसार उसकी प्रेमिका 17 जुलाई को रितिका 18 साल की होने वाली थी। इसका वह इंतजार करता रहा। शुक्रवार रात नींद ही नहीं आई। सुबह होते ही वह रितिका के घर पहुंच गया। उसने रितिका को अपने साथ ले जाने की जिद की। इस पर दोनों परिजनों के बीच कहासुनी शुरू हो गई। हालात मारपीट तक पहुंच गए। इसी बीच किसी ने पुलिस को सूचना दे दी। मौके पर माल एसओ राम सिंह अपनी टीम के साथ पहुंचे। वहीं इसकी जानकारी होने पर आशा ज्योति केंद्र की प्रशासनिक अधिकारी अर्चना सिंह भी टीम के साथ पहुंच गईं।

काफी देर तक वहां बातचीत होती रही। वन स्टाप सेंटर (आशा ज्योति केंद्र) की प्रशासनिक अधिकारी अर्चना सिंह के मुताबिक, थाने में कागजी कार्रवाई के बाद दोनों को आशा ज्योति केंद्र लाया गया। उनकी शादी को लेकर कागजी कार्रवाई पूरी की जा रही है।कोर्ट मैरिज की करने की स्वीकृति दे दी।

Google search engine
RELATED ARTICLES

LEAVE A REPLY

Please enter your comment!
Please enter your name here

- Advertisment -
Google search engine

Most Popular

Recent Comments